तुम मेरा इतिहास लिख सकते हो
अपने कड़वे, मुड़े-तुड़े झूठों से
तुम मुझे गंदगी में कुचल सकते हो
फिर भी, धूल की तरह, मैं उठूँगी।

क्या मेरी उन्मुक्तता तुम्हें तंग करती है?
क्यों घिरे हो तुम अंधकार में?
क्योंकि मैं चलती हूँ
जैसे मेरे पास हों
कमरे में तेल उगलते हुए कुएँ।

चांदों और सूरजों की तरह
ज्वार-भाटों की निश्चितता के साथ
उम्मीद की तरह फूट पड़ूँगी
मैं फिर भी उठूँगी।

क्या तुम देखना चाहते थे मुझे विखण्डित?
मेरा सिर झुका हुआ और नज़रें गड़ी हुईं?
कंधे आँसुओं की तरह गिरते हुए
मेरे भावपूर्ण रुदन से (मुझे) कमज़ोर?

क्या मेरा गर्वीलापन तुम्हें करता है नाराज़?
क्या तुम उसे कुछ ज़्यादा ही महसूस नहीं करते
क्योंकि मैं हँसती हूँ
जैसे मेरे आँगन में सोने की खदानें हों।

तुम मुझे गोली मार सकते हो अपने शब्दों से
अपनी आँखों से काट सकते हो तुम मुझे
मार सकते हो तुम मुझे अपनी नफ़रत से
फिर भी, हवा की तरह, मैं उठूँगी।

क्या मेरी कामुकता तुम्हें दुखी करती है?
क्या यह एक आश्चर्य है तुम्हारे लिए
कि मैं नाचती हूँ
जैसे मेरी जाँघों के सन्धिबिन्दु पर हीरे गड़े हों

इतिहास की शर्मनाक झोपड़ियों से बाहर
मैं उठूँगी
दर्द में गड़े भूतकाल से ऊपर
मैं उठूँगी
मैं एक काला समुद्र हूँ, फैलता हुआ और विस्तृत
मैं सहती हूँ ज्वार के दौरान उफनना और उमड़ना

आतंक और डर की रातों को पीछे छोड़ते हुए
मैं उठती हूँ
अद्भुत स्पष्ट भोर के साथ
मैं उठती हूँ
अपने पूर्वजों के दिए उपहार मैं लाती हूँ साथ
मैं स्वप्न हूँ और हूँ दासों की उम्मीद
मैं उठती हूँ
मैं उठती हूँ
मैं उठती हूँ।

माया एंजेलो की कविता 'सीख'

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देवेश पथ सारिया
प्राथमिक तौर पर कवि। गद्य लेखन में भी सक्रियता।पुस्तकें: 'हक़ीक़त के बीच दरार' (2021, वरिष्ठ ताइवानी कवि ली मिन-युंग के कविता संग्रह का मेरे द्वारा किया गया हिंदी अनुवाद) प्रथम कविता संकलन एवं ताइवान के अनुभवों पर आधारित गद्य की पुस्तक शीघ्र प्रकाश्य।अन्य भाषाओं में प्रकाशन: मेरी कविताओं का अनुवाद अंग्रेज़ी, मंदारिन चायनीज़, रूसी, स्पेनिश, पंजाबी, बांग्ला, और राजस्थानी भाषा-बोलियों में हो चुका है। मेरी रचनाओं के ये अनुवाद यूनाइटेड डेली न्यूज़, लिबर्टी टाइम्स, लिटरेरी ताइवान आदि पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुए हैं।साहित्यिक पत्रिकाओं में प्रकाशन: हंस, नया ज्ञानोदय, वागर्थ, कथादेश, कथाक्रम, परिकथा, पाखी, आजकल, बनास जन, मधुमती, कादंबिनी, समयांतर, समावर्तन, जनपथ, नया पथ, कथा, साखी, अकार, आधारशिला, बया, उद्भावना, दोआबा, बहुमत, परिंदे, प्रगतिशील वसुधा, शुक्रवार साहित्यिक वार्षिकी, कविता बिहान, साहित्य अमृत, शिवना साहित्यिकी, गाँव के लोग, कृति ओर, ककसाड़, अक्षर पर्व, निकट, मंतव्य, गगनांचल, मुक्तांचल, उदिता, उम्मीद, विश्वगाथा, रेतपथ, अनुगूँज, प्राची, कला समय, प्रेरणा अंशु, पुष्पगंधा आदि ।समाचार पत्रों में प्रकाशन: राजस्थान पत्रिका, दैनिक भास्कर, प्रभात ख़बर, दि सन्डे पोस्ट।वेब प्रकाशन: सदानीरा, जानकीपुल, पोषम पा, लल्लनटॉप, हिन्दीनेस्ट, हिंदवी, कविता कोश, इंद्रधनुष, अनुनाद, बिजूका, पहली बार, समकालीन जनमत, मीमांसा, शब्दांकन, अविसद, कारवां, हमारा मोर्चा, साहित्यिकी, द साहित्यग्राम, लिटरेचर पॉइंट, अथाई, हिन्दीनामा।सम्मान: प्रभाकर प्रकाशन, दिल्ली द्वारा आयोजित लघुकथा प्रतियोगिता में प्रथम स्थान (2021)संप्रति ताइवान में पोस्ट डाॅक्टरल शोधार्थी। मूल रूप से राजस्थान के राजगढ़ (अलवर) से संबंध।

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