कोई टाँवाँ-टाँवाँ रोशनी है
चाँदनी उतर आयी बर्फ़ीली चोटियों से
तमाम वादी गूँजती है बस एक ही सुर में

ख़ामोशी की यह आवाज़
होती है…
तुम कहा करते हो न!

इस क़दर सुकून कि जैसे सच नहीं हो सब

यह रात चुरा ली है मैनें
अपनी ज़िन्दगी से अपने ही लिये।

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दीप्ति नवल
दीप्ति नवल (जन्म 03 फरवरी, 1952) हिन्दी फिल्मों की प्रसिद्ध अभिनेत्री हैं। वह जुनून, 'चश्मे बद्दूर', 'कथा' और 'साथ-साथ' जैसी कलात्मक एवं अर्थपूर्ण फिल्मों में अपने सशक्त अभिनय के लिए जानी जाती हैं। उनका व्यक्तित्व बहुआयामी है! वे कवयित्री और चित्रकार होने के साथ साथ एक कुशल छायाकार भी हैं!

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