भीमराव आम्बेडकर

"शिक्षित रहें, संगठित रहें, आन्दोलित रहें!"   "जीवन लम्बा होने के बजाय महान होना चाहिए।"   "पति और पत्नी के बीच घनिष्ठ मित्रों जैसा सम्बन्ध होना चाहिए।"   "हम सर्वप्रथम,...

हरमन हेस – ‘सिद्धार्थ’

हरमन हेस की किताब 'सिद्धार्थ' से उद्धरण | Quotes from 'Siddhartha', a book by Hermann Hesse   "ज्ञान का सबसे बड़ा शत्रु ज्ञानी पुरुष के सिवा,...

मनोहर श्याम जोशी

मनोहर श्याम जोशी के उद्धरण | Manohar Shyam Joshi Quotes   "प्यार होता है तो पहली ही नज़र में पूरी तरह हो जाता है। दूसरी नज़र...

प्रेमचंद

प्रेमचंद के उद्धरण | Premchand Quotes in Hindi 'लांछन' से- "कौन है, जो अपने अतीत को किसी भयंकर जंतु के समान कटघरों में बंद करके न...

रॉबर्ट फ़्रॉस्ट

रॉबर्ट फ़्रॉस्ट के हिन्दी उद्धरण | Robert Frost Quotes in Hindi   "कवि होना एक अवस्था है; वृत्ति नहीं।" अनुवाद: आदर्श भूषण

मधु कांकरिया

मधु कांकरिया के उद्धरण | Madhu Kankariya Quotes   "अपराधबोध आसमान में उड़ती वह काली चील होती है जो आपके ज़रा-सा ख़ाली होते ही झपट्टा मार...

हरिशंकर परसाई

हरिशंकर परसाई के उद्धरण | Harishankar Parsai Quotes   'पवित्रता का दौरा' से "पवित्रता की भावना से भरा लेखक उस मोर जैसा होता है जिसके पाँव में...

भीष्म साहनी

भीष्म साहनी के उद्धरण | Quotes by Bhisham Sahni   "ईमानदार आदमी क्यों इतना ढीला-ढाला होता है, क्यों सकुचाता-झेंपता रहता है, यह बात कभी भी मेरी...

गौरव सोलंकी – ‘ग्यारहवीं ए के लड़के’

Gaurav Solanki Quotes from 'Gyarahvin A Ke Ladke'   "आधी बातें बिना सुने भी जीवन उसी तरह जिया जा सकता था।"   "सबका ज़ोर हमें मुहावरें, लोकोक्तियाँ, व्याकरण...

मुश्ताक़ अहमद यूसुफ़ी

मुश्ताक़ अहमद यूसुफ़ी के उद्धरण| Mushtaq Ahmad Yusufi Quotes in Hindi   "दुश्मनी के लिहाज़ से दुश्मनों के तीन दर्जे होते है— दुश्मन, जानी दुश्मन और...

खलील जिब्रान

Kahlil Gibran Quotes in Hindi   "दानशीलता यह नहीं है कि तुम मुझे वह वस्तु दे दो, जिसकी मुझे आवश्यकता तुमसे अधिक है, बल्कि यह है...

रोबेर्तो बोलान्यो

रोबेर्तो बोलान्यो के उद्धरण | Roberto Bolaño Quotes in Hindi अनुवाद: पुनीत कुसुम "अगर आप वही कहने जा रहे हैं जो आप कहना चाहते हैं, तो...

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Faiz Ahmad Faiz

इस वक़्त तो यूँ लगता है

इस वक़्त तो यूँ लगता है, अब कुछ भी नहीं है महताब न सूरज, न अँधेरा न सवेरा आँखों के दरीचों पे किसी हुस्न की चिलमन और...
Bheedtantra - Asghar Wajahat

‘भीड़तंत्र’ से दो लघु कहानियाँ

राजपाल एण्ड सन्ज़ से प्रकाशित असग़र वजाहत की किताब 'भीड़तंत्र' से साभार स्वार्थ का फाटक —“हिंसा का रास्ता कहाँ से शुरू होता है?” —“जहाँ से बातचीत का...
Pratibha Sharma

लाल रिबन

मेरे गाँव में सफ़ेद संगमरमर से बनी दीवारें लोहे के भालों की तरह उगी हुई हैं जिनकी नुकीली नोकों में नीला ज़हर रंगा हुआ है खेजड़ी के ईंट-चूने...
Subhadra Kumari Chauhan

यह कदम्ब का पेड़

यह कदम्ब का पेड़ | Yah Kadamb Ka Ped यह कदम्ब का पेड़ अगर माँ होता यमुना तीरे। मैं भी उस पर बैठ कन्हैया बनता धीरे-धीरे॥ ले...
Sleepless, Person sitting

यह स्त्री सोयी नहीं है

बहुत अर्से से यह स्त्री सोयी नहीं है उसकी आँखों के नीचे पड़े काले घेरे इसका प्रमाण हैं समस्त सृष्टि को अपने आग़ोश में लेकर उसे विश्राम दिलाने का दावा करती रात्रि का...
Trilochan

तुम्हें जब मैंने देखा

पहले पहल तुम्हें जब मैंने देखा सोचा था इससे पहले ही सबसे पहले क्यों न तुम्हीं को देखा! अब तक दृष्टि खोजती क्या थी, कौन रूप, क्या रंग देखने को उड़ती थी ज्योति-पंख...
Amir Khusrow

अमीर ख़ुसरो के दोहे

अमीर ख़ुसरो के दोहे | Amir Khusro Ke Dohe ख़ुसरो रैन सुहाग की, जागी पी के संग। तन मेरो मन पियो को, दोउ भए एक रंग॥ ख़ुसरो...
Meena Keshwar Kamal

मैं कभी पीछे नहीं लौटूँगी

मैं वह औरत हूँ जो जाग उठी है अपने भस्‍म कर दिए गए बच्‍चों की राख से मैं उठ खड़ी हुई हूँ और बन गयी हूँ एक...
Dinkar

अवकाश वाली सभ्यता

मैं रात के अँधेरे में सितारों की ओर देखता हूँ जिनकी रोशनी भविष्य की ओर जाती है अनागत से मुझे यह ख़बर आती है कि चाहे लाख बदल...
Madan Daga

रेखांकित हक़ीक़त

किसने कह दिया तुम्हें कि मैं कविता लिखता हूँ मैं कविता नहीं लिखता मैंने तो सिर्फ़ जन-मन के दर्द के नीचे एक रेखा खींच दी है हाँ, दर्द के नीचे फ़क़त...
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