Tag: Hindi Story

Jainendra Kumar

पाजेब

जैनेन्द्र कुमार की यह कहानी एक छोटी सी घटना के ज़रिए बच्चों के मनोविज्ञान और भावनाओं से भी परिचित करवाती है और इसके प्रति बड़े लोगों की अज्ञानता और अनदेखी से भी... पढ़िए हिन्दी की एक उत्कृष्ट कहानी 'पाजेब'!
Agyeya

रोज (गैंग्रीन)

अखबार के एक टुकड़े को पढ़ने और घड़ी में कितना बज गया है यह दोहराने जैसी मामूली चीजों के पीछे का मनोविज्ञान क्या-क्या अर्थ रख सकता है, यह अज्ञेय अपनी कहानी 'रोज़' में दिखाते हैं। बेहद सपाट कथानक किन्तु मनोचित्त की बेहद उलझी हुई गुत्थियाँ। ज़रूर पढ़िए! :)
Amarkant (अमरकांत)

बहादुर

'बहादुर'। हमारे घरों में काम करने वाले दूर देशों से आए 'बहादुरों' की कहानी। किसी के काम से उस इंसान को तौलने की और उसी के आधार पर उसके साथ व्यवहार करने की हमारी आदतों को झेलना भी कम बहादुरी की बात तो नहीं! या है? पढ़िए..! :)
bhisham sahni

खून का रिश्ता

खाट की पाटी पर बैठा चाचा मंगलसेन हाथ में चिलम थामे सपने देख रहा था। उसने देखा कि वह समधियों के घर बैठा है...
Shivprasad Singh

कर्मनाशा की हार

काले सांप का काटा आदमी बच सकता है, हलाहल ज़हर पीने वाले की मौत रुक सकती है, किंतु जिस पौधे को एक बार कर्मनाशा...
premchand

सौत

'सौत' - प्रेमचंद1जब रजिया के दो-तीन बच्चे होकर मर गये और उम्र ढल चली, तो रामू का प्रेम उससे कुछ कम होने लगा...
premchand

ठाकुर का कुआँ

जोखू ने लोटा मुँह से लगाया तो पानी में सख्त बदबू आयी। गंगी से बोला- "यह कैसा पानी है? मारे बास के पिया नहीं...
premchand

पूस की रात

'Poos Ki Raat', a story by Premchandहल्कू ने आकर स्त्री से कहा- सहना आया है, लाओ, जो रुपये रखे हैं, उसे दे दूँ, किसी...

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नेओमी शिहैब नाय (Naomi Shihab Nye) का जन्म सेंट लुइस, मिसौरी में हुआ था। उनके पिता एक फ़िलिस्तीनी शरणार्थी थे और उनकी माँ जर्मन...
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