दुनिया की सबसे छोटी गली में
बनाया जा सकता है दुनिया का
सबसे बड़ा घर
बशर्ते वहाँ दो प्रेमी रहते हों।

उस बाग़ के सबसे नाजुक फूल से
ली जा सकती है सूरज की सबसे तेज़ लौ
जहाँ दो प्रेमी कुछ देर बैठ के बतियाये हों।

जंगल का सबसे वीरान हिस्सा
दो प्रेमियों के मिलन पर लहलहा सकता है।
दो प्रेमियों के बिछड़ने के ग़म में
रेगिस्तान का सबसे ऊँचा टीला
पानी बनकर समा सकता है आँख में।

लेट जाते हैं जब दो प्रेमी अगल-बगल
अगल-बगल वाले भी पड़ सकते हैं प्रेम में
खिलखिला के हँसते ही दो प्रेमियों के
जुगनू और चाँद एक जैसे हो जाते हैं।

पूरी दुनिया से कवि की ग़ुजारिश है
कि दो प्रेमियों को मुहैया हो
एक छोटी सी गली और बगीचे का एक कोना
ताकि घर बचा रहे, घर में इंसान बचा रहे।

राहुल बोयल
जन्म दिनांक- 23.06.1985; जन्म स्थान- जयपहाड़ी, जिला-झुन्झुनूं( राजस्थान) सम्प्रति- राजस्व विभाग में कार्यरत पुस्तक- समय की नदी पर पुल नहीं होता (कविता - संग्रह) नष्ट नहीं होगा प्रेम ( कविता - संग्रह) मैं चाबियों से नहीं खुलता (काव्य संग्रह) ज़र्रे-ज़र्रे की ख़्वाहिश (ग़ज़ल संग्रह) मोबाइल नम्बर- 7726060287, 7062601038 ई मेल पता- rahulzia23@gmail.com